धर्मशाला के एचपीसीए स्टेडियम में चल रहे रणजी ट्रॉफी मुकाबले का आज चौथा और अंतिम दिन है, और समीकरण बिल्कुल साफ है — हिमाचल प्रदेश को जीत के लिए 364 रन और चाहिए, जबकि उसके सिर्फ 6 विकेट बाकी हैं। राजस्थान ने अपनी दूसरी पारी 521 रन पर 8 विकेट के नुकसान पर घोषित करके मेजबान टीम के सामने 447 रन का विशाल लक्ष्य रखा है। तीसरे दिन का खेल खत्म होने तक हिमाचल ने दूसरी पारी में 4 विकेट पर 83 रन बना लिए थे। राजस्थान हिमाचल रणजी ट्रॉफी का यह मुकाबला 2 नवंबर से धर्मशाला में खेला जा रहा है, और इसकी शुरुआत राजस्थान के लिए किसी बुरे सपने से कम नहीं थी — पहली पारी में पूरी टीम महज 78 रन पर सिमट गई थी।
अंतिम दिन का समीकरण: राजस्थान हिमाचल रणजी ट्रॉफी में हिमाचल को चाहिए 364 रन
आज के खेल में हिमाचल प्रदेश के सामने दो ही रास्ते हैं — या तो बचे हुए 6 विकेटों के साथ पूरे दिन बल्लेबाजी करके मैच ड्रॉ कराए, या फिर 364 रन बनाकर जीत हासिल करे। राजस्थान के गेंदबाजों के लिए काम साफ है — जल्दी विकेट निकालकर मैच अपने नाम करना।
पहली पारी में 75 रन से पिछड़ने के बाद राजस्थान ने दूसरी पारी में 443 रन ज्यादा बनाए और फिर पारी घोषित कर दी। धर्मशाला की पिच पर चौथी पारी में 447 रन का लक्ष्य हासिल करना लगभग नामुमकिन माना जाता है, और यही वजह है कि इस मुकाबले में अब राजस्थान का पलड़ा भारी दिख रहा है।
| पारी | टीम | स्कोर |
|---|---|---|
| पहली पारी | राजस्थान | 78 रन पर ऑलआउट (30.3 ओवर) |
| पहली पारी | हिमाचल प्रदेश | 153 रन पर ऑलआउट (40 ओवर) |
| दूसरी पारी | राजस्थान | 521 रन पर 8 विकेट, पारी घोषित (131.1 ओवर) |
| दूसरी पारी | हिमाचल प्रदेश | 83 रन पर 4 विकेट (तीसरे दिन का खेल खत्म होने तक) |
| लक्ष्य | हिमाचल को जीत के लिए चाहिए | 364 रन और, 6 विकेट बाकी |
78 से 521: राजस्थान हिमाचल रणजी ट्रॉफी की यादगार वापसी
मुकाबले के पहले दिन धर्मशाला में विकेटों की पतझड़ देखने को मिली थी। एक ही दिन में दोनों टीमों के कुल 20 विकेट गिर गए। राजस्थान की पहली पारी महज 30.3 ओवर में 78 रन पर खत्म हो गई, और जवाब में हिमाचल प्रदेश ने 153 रन बनाकर 75 रन की बढ़त हासिल कर ली। उस वक्त लग रहा था कि मैच राजस्थान के हाथ से निकल चुका है।
लेकिन दूसरे दिन कहानी पूरी तरह बदल गई। राजस्थान ने सुबह 8 रन के स्कोर से अपनी दूसरी पारी आगे बढ़ाई। शुरुआत में सचिन यादव का विकेट जल्दी गिर गया, लेकिन इसके बाद रोहन राजभर और महिपाल लोमरोर ने मोर्चा संभाल लिया। दोनों ने दूसरे विकेट के लिए 209 रन की साझेदारी की — वह साझेदारी जिसने मैच का रुख ही पलट दिया। दूसरे दिन का खेल खत्म होने तक राजस्थान ने 4 विकेट पर 297 रन बना लिए थे और उसके पास 222 रन की बढ़त हो चुकी थी। तीसरे दिन टीम ने स्कोर को 521 रन तक पहुंचाकर पारी घोषित कर दी।
रोहन राजभर: चौथे ही फर्स्ट-क्लास मैच में पहला शतक
इस मुकाबले की सबसे बड़ी कहानी रोहन राजभर की पारी है। अपने करियर के महज चौथे फर्स्ट-क्लास मैच में उन्होंने 263 गेंदों का सामना करते हुए 140 रन बनाए, जिसमें 12 चौके और 1 छक्का शामिल था। शतक पूरा होते ही रोहन ने हेलमेट उतारा और जेब से एक कागज निकालकर दिखाया, जिस पर लिखा था — “Thank You Maa”। यह उनका पहला फर्स्ट-क्लास शतक था और उन्होंने इसे अपनी मां को समर्पित किया। दिन का खेल खत्म होने से कुछ ही समय पहले अभिषेक कुमार की गेंद पर स्टंप होकर उनकी पारी का अंत हुआ, लेकिन तब तक वे अपना काम कर चुके थे।
रोहन की यह पारी दबाव के सबसे कठिन दौर में आई — टीम पहली पारी में 78 रन पर सिमटी थी और सामने 75 रन की बढ़त थी। ऐसे में सलामी बल्लेबाज के तौर पर इतनी लंबी पारी खेलना मानसिक मजबूती की सबसे बड़ी मिसाल है।
महिपाल लोमरोर: 3 रन से चूका शतक, फिर भी मैच के हीरो
रोहन के साथ दूसरे छोर पर खड़े महिपाल लोमरोर ने 190 गेंदों पर 97 रन की पारी खेली, जिसमें 10 चौके लगे। वे महज 3 रन से अपने शतक से चूक गए, जब उन्हें अर्पित गुलेरिया ने अपना शिकार बनाया। लेकिन उनकी पारी का महत्व शतक के आंकड़े से कहीं ज्यादा है — 209 रन की साझेदारी में उनकी भूमिका उतनी ही बड़ी थी जितनी रोहन की।
ग्रुप डी में राजस्थान के लिए इस जीत का क्या मतलब है
रणजी ट्रॉफी एलीट ग्रुप डी में हर मुकाबले के अंक ग्रुप की दौड़ में अहम होते हैं। पहली पारी में 75 रन से पिछड़ने के बाद इस मैच में सीधी जीत हासिल करना राजस्थान के लिए दोहरा फायदा देगा — टीम को पूरे अंक मिलेंगे और खिलाड़ियों का आत्मविश्वास अगले मुकाबलों के लिए बढ़ेगा।
इस सीजन में राजस्थान की टीम पहले भी चर्चा में रही है। कप्तान कार्तिक शर्मा की अगुआई में टीम ने कई मुकाबलों में दमदार प्रदर्शन किया है, और राजस्थान-उत्तराखंड मुकाबले में भी टीम ने मजबूत शुरुआत की थी।
पूरा स्कोरकार्ड देखने के लिए आप क्रिकट्रैकर का लाइव स्कोरकार्ड देख सकते हैं।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
राजस्थान ने हिमाचल के सामने कितने रन का लक्ष्य रखा है?
राजस्थान ने दूसरी पारी 521 रन पर 8 विकेट पर घोषित करके हिमाचल प्रदेश के सामने 447 रन का लक्ष्य रखा है। तीसरे दिन के अंत तक हिमाचल ने 4 विकेट पर 83 रन बनाए थे, इसलिए उसे जीत के लिए 364 रन और चाहिए।
रोहन राजभर ने कितने रन बनाए और यह शतक क्यों खास है?
रोहन राजभर ने 263 गेंदों पर 12 चौकों और 1 छक्के की मदद से 140 रन बनाए। यह उनके करियर का पहला फर्स्ट-क्लास शतक है, जो उन्होंने अपने चौथे ही मैच में लगाया और अपनी मां को समर्पित किया।
राजस्थान की पहली पारी में क्या हुआ था?
राजस्थान की पहली पारी महज 78 रन पर सिमट गई थी। जवाब में हिमाचल प्रदेश ने 153 रन बनाकर 75 रन की बढ़त ली थी। इसके बाद दूसरी पारी में रोहन राजभर और महिपाल लोमरोर की 209 रन की साझेदारी ने मैच का रुख पलट दिया।
यह मुकाबला कहां और कब खेला जा रहा है?
यह रणजी ट्रॉफी एलीट ग्रुप डी का मुकाबला धर्मशाला के हिमाचल प्रदेश क्रिकेट एसोसिएशन स्टेडियम में 2 नवंबर से खेला जा रहा है। 5 नवंबर को इसका चौथा और अंतिम दिन है।