जयपुर में अगले कुछ दिनों में सियासी हलचल तेज होने वाली है। एक हफ्ते के भीतर दो केंद्रीय मंत्री अलग-अलग कार्यक्रमों के लिए राजस्थान की राजधानी पहुंचेंगे। प्रल्हाद जोशी जयपुर दौरा 31 अक्टूबर को होगा — केंद्रीय शिक्षा मंत्री ‘रन फॉर यूनिटी’ में शामिल होंगे, जबकि केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव 5 नवंबर को ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ मार्च में हिस्सा लेंगे। दोनों दौरों की घोषणा राजस्थान भाजपा महामंत्री श्रवण सिंह बगड़ी ने की है।
दोनों दौरे एक नजर में
| मंत्री | दौरा तिथि | कार्यक्रम | मकसद |
| प्रल्हाद जोशी (केंद्रीय शिक्षा मंत्री) | 31 अक्टूबर 2026 | रन फॉर यूनिटी, जयपुर | सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती पर राष्ट्रीय एकता का संदेश |
| अश्विनी वैष्णव (केंद्रीय रेल मंत्री) | 5 नवंबर 2026 | लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ मार्च, जयपुर | मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) पर भाजपा का पक्ष रखना |
दोनों कार्यक्रम भारतीय जनता पार्टी के अलग-अलग अभियानों का हिस्सा हैं — एक राष्ट्रीय एकता से जुड़ा है, दूसरा चुनावी प्रक्रिया को लेकर चल रही बहस से।
31 अक्टूबर: रन फॉर यूनिटी में क्यों शामिल होंगे प्रल्हाद जोशी
31 अक्टूबर का दिन देश के लिए खास है — यह सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती है, जिन्हें ‘भारत के लौह पुरुष’ के नाम से जाना जाता है। आजादी के बाद पहले गृह मंत्री के रूप में पटेल ने सैकड़ों रियासतों को एक सूत्र में पिरोया था। उन्हीं के सम्मान में हर साल 31 अक्टूबर को ‘राष्ट्रीय एकता दिवस’ मनाया जाता है और इसी मौके पर ‘रन फॉर यूनिटी’ का आयोजन होता है।
प्रल्हाद जोशी का जयपुर दौरा इसी कड़ी में होगा। भाजपा महामंत्री श्रवण सिंह बगड़ी के मुताबिक, जोशी का यह दौरा पूरी तरह रन फॉर यूनिटी पर केंद्रित रहेगा। पार्टी इस आयोजन को पटेल की विरासत को याद करने और नागरिकों में राष्ट्रीय गर्व व एकता की भावना जगाने के मौके के तौर पर देख रही है। आयोजन स्थल और समय जैसे ब्योरे पार्टी की ओर से आगे जारी किए जाएंगे।
गौरतलब है कि राजस्थान में पटेल जयंती के मौके पर इस तरह के आयोजन पहले भी होते रहे हैं — करौली में हाल ही में पटेल जयंती पर मैराथन हुई थी, जिसमें पुलिस और आमजन एक साथ दौड़े थे।
5 नवंबर: अश्विनी वैष्णव का मार्च और SIR विवाद क्या है
दूसरा दौरा 5 नवंबर को होगा, जब केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव जयपुर में भाजपा के राष्ट्रव्यापी अभियान ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ के तहत होने वाले मार्च में शामिल होंगे। यह अभियान मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण (Special Intensive Revision — SIR) को लेकर चल रही सियासी बहस से जुड़ा है।
भाजपा का कहना है कि कांग्रेस SIR को लेकर जनता को गुमराह करने और भ्रम फैलाने की कोशिश कर रही है, और यह मार्च उसी का जवाब है। पार्टी के मुताबिक, मार्च के जरिए वह SIR पर अपना पक्ष जनता के सामने रखेगी और चुनावी प्रक्रिया को लेकर फैलाए जा रहे भ्रम को दूर करेगी। श्रवण सिंह बगड़ी ने कहा है कि जयपुर का यह मार्च पार्टी के व्यापक प्रयासों का हिस्सा होगा, जिसके तहत जनसमर्थन जुटाया जाएगा और SIR से जुड़े घटनाक्रमों पर भाजपा की स्थिति साफ की जाएगी।
SIR यानी मतदाता सूची का विशेष गहन पुनरीक्षण — वह प्रक्रिया जिसमें चुनाव आयोग मतदाता सूचियों की गहन जांच और अद्यतन करता है, ताकि सूची में कोई गलत प्रविष्टि न रहे और कोई पात्र मतदाता छूटे नहीं। इस प्रक्रिया को लेकर विपक्षी दलों ने सवाल उठाए हैं, जबकि भाजपा का रुख है कि यह प्रक्रिया पारदर्शी है। जयपुर का मार्च इसी बहस के बीच हो रहा है, इसलिए इसे सियासी लिहाज से अहम माना जा रहा है।
राजस्थान भाजपा की तैयारी और दोनों दौरों के सियासी मायने
दोनों दौरों की घोषणा राजस्थान भाजपा मीडिया विभाग की ओर से की गई है। बगड़ी के मुताबिक, दो वरिष्ठ केंद्रीय मंत्रियों की अलग-अलग कार्यक्रमों में भागीदारी इस बात का संकेत है कि पार्टी राष्ट्रीय एकता की पहल और चुनावी-लोकतांत्रिक मुद्दों पर चल रहे अभियान — दोनों को बराबर अहमियत दे रही है।
समय भी दिलचस्प है। राजस्थान में पंचायत चुनावों का दौर चल रहा है और गांव-गांव में सियासी सरगर्मी बनी हुई है। ऐसे में दो केंद्रीय मंत्रियों के दौरे पार्टी कार्यकर्ताओं में जोश भरने और संगठन को सक्रिय रखने के मौके के तौर पर भी देखे जा रहे हैं।
जयपुर के लिए यह भी मायने रखता है कि रेल मंत्री के रूप में अश्विनी वैष्णव का राजस्थान से गहरा नाता रहा है — रेलवे से जुड़ी परियोजनाओं को लेकर प्रदेश में उनकी घोषणाओं पर हमेशा नजर रहती है। हालांकि इस बार उनका दौरा पूरी तरह पार्टी के मार्च से जुड़ा बताया गया है, न कि किसी सरकारी कार्यक्रम से।
जयपुर के लोगों के लिए जरूरी बातें
31 अक्टूबर, रन फॉर यूनिटी: केंद्रीय शिक्षा मंत्री प्रल्हाद जोशी की मौजूदगी में होने वाला यह आयोजन राष्ट्रीय एकता दिवस से जुड़ा है। इसमें भाग लेने के इच्छुक लोगों को पार्टी और स्थानीय प्रशासन की ओर से जारी ब्योरों पर नजर रखनी चाहिए।
5 नवंबर, लोकतंत्र बचाओ मार्च: केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव की अगुवाई में होने वाला यह मार्च SIR पर भाजपा का पक्ष रखने के लिए आयोजित किया जा रहा है।
तैयारियां जारी: दोनों कार्यक्रमों के स्थान, समय और रूट जैसे ब्योरे राजस्थान भाजपा की ओर से आगे घोषित किए जाएंगे। आयोजन के दिनों में जयपुर में ट्रैफिक व्यवस्था में बदलाव भी संभव है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)
प्रश्न 1: प्रल्हाद जोशी जयपुर कब आ रहे हैं और किस कार्यक्रम में शामिल होंगे?
उत्तर: प्रल्हाद जोशी 31 अक्टूबर 2026 को जयपुर आएंगे और सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती पर आयोजित ‘रन फॉर यूनिटी’ में शामिल होंगे।
प्रश्न 2: अश्विनी वैष्णव जयपुर कब आएंगे और उनका कार्यक्रम क्या है?
उत्तर: अश्विनी वैष्णव 5 नवंबर 2026 को जयपुर में भाजपा के ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ मार्च में हिस्सा लेंगे।
प्रश्न 3: ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ अभियान किस मुद्दे से जुड़ा है?
उत्तर: यह अभियान मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) से जुड़ा है। भाजपा का कहना है कि कांग्रेस SIR को लेकर भ्रम फैला रही है, और यह मार्च पार्टी का पक्ष जनता तक पहुंचाने के लिए है।
प्रश्न 4: रन फॉर यूनिटी क्यों आयोजित की जाती है?
उत्तर: रन फॉर यूनिटी सरदार पटेल की जयंती (31 अक्टूबर) पर राष्ट्रीय एकता दिवस के मौके पर आयोजित होती है, ताकि देश की एकता और अखंडता का संदेश दिया जा सके।
दोनों दौरों की विस्तृत जानकारी के लिए राजस्थान भाजपा की गतिविधियों और सरदार पटेल जयंती से जुड़े आयोजनों पर हमारी पिछली खबरें भी पढ़ें। इस खबर का मूल स्रोत आईएएनएस की रिपोर्ट है, जिसे द हंस इंडिया पर भी पढ़ा जा सकता है।