जोधपुर में आज भाजपा की पदयात्रा: CM भजनलाल की सभा, जानें पूरा रूट

आज मंगलवार, 3 नवंबर को जोधपुर में भारतीय जनता पार्टी की बड़ी सियासी हलचल रहेगी। जोधपुर भाजपा पदयात्रा के तहत मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा गांधी मैदान में जनसभा को संबोधित करेंगे और पदयात्रा में शामिल होंगे। यह पदयात्रा भाजपा के प्रदेशव्यापी ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ अभियान का हिस्सा है, जिसकी शुरुआत 30 अक्टूबर को कोटा से हुई थी।

जोधपुर भाजपा पदयात्रा का आज का कार्यक्रम

जोधपुर में आज के कार्यक्रम की रूपरेखा साफ है। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा गांधी मैदान में आयोजित जनसभा को संबोधित करेंगे। इसके बाद गांधी मैदान से पदयात्रा शुरू होगी, जो गोल बिल्डिंग होते हुए जालोरी गेट तक पहुंचेगी। ईटीवी भारत की रिपोर्ट के अनुसार पदयात्रा में शहर और देहात भाजपा के कार्यकर्ता शामिल होंगे।

रूट में गांधी मैदान, गोल बिल्डिंग और जालोरी गेट जैसे शहर के जाने-पहचाने इलाके शामिल हैं, इसलिए पदयात्रा के दौरान बड़ी संख्या में आम लोगों तक पार्टी का संदेश सीधे पहुंचेगा। मुख्यमंत्री की मौजूदगी से इस कार्यक्रम को प्रदेश स्तर की अहमियत मिल गई है।

तैयारियों की बैठक: भंसाली के कार्यालय में मंथन

कार्यक्रम से एक दिन पहले सोमवार को तैयारियों को अंतिम रूप देने के लिए शहर विधायक अतुल भंसाली के कार्यालय में भाजपा की अहम बैठक हुई। इस बैठक में प्रदेश उपाध्यक्ष मुकेश दाधीच मौजूद रहे। बैठक में रैली की सफलता और मुख्यमंत्री के दौरे से जुड़ी व्यवस्थाओं पर विस्तार से चर्चा हुई।

बैठक में भाजपा जिलाध्यक्ष राजेंद्र पालीवाल, भाजपा नेता पवन आसोपा सहित कई पदाधिकारी शामिल हुए। इसमें तय हुआ कि रैली में अधिक से अधिक कार्यकर्ताओं और आमजन की भागीदारी सुनिश्चित की जाए, और भीड़ जुटाने से लेकर रूट व्यवस्था तक हर काम के लिए अलग-अलग पदाधिकारियों को जिम्मेदारी सौंपी जाए।

‘लोकतंत्र बचाओ’ अभियान के पीछे SIR का मुद्दा

इस अभियान को समझने के लिए मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण, यानी एसआईआर, को समझना जरूरी है। एसआईआर के तहत चुनाव आयोग मतदाता सूची की जांच करता है, ताकि असली मतदाताओं के नाम सुरक्षित रहें और अपात्र नामों की पहचान हो सके। भाजपा का कहना है कि विपक्षी दल एसआईआर को लेकर जनता में भ्रम फैला रहे हैं और इसे गलत साबित करने का प्रयास कर रहे हैं। प्रदेश उपाध्यक्ष मुकेश दाधीच ने भी इसी बात को दोहराया है।

दूसरी तरफ, कांग्रेस और विपक्षी दल ‘वोट चोरी’ का आरोप लगाते रहे हैं। मुख्यमंत्री कोटा में कह चुके हैं कि अगर किसी को एसआईआर की प्रक्रिया पर आपत्ति है, तो उसे ठोस सबूतों के साथ सक्षम प्राधिकरण और अदालत के सामने अपनी बात रखनी चाहिए, क्योंकि मतदाता सूची की शुद्धता लोकतांत्रिक प्रक्रिया के लिए जरूरी है। चुनाव आयोग ने भी सुप्रीम कोर्ट में दाखिल अपने जवाबी हलफनामे में अपना पक्ष रखा है।

यानी यह अभियान मतदाता सूची को लेकर चल रही बड़ी बहस में भाजपा का जवाब है, और पार्टी कार्यकर्ताओं के जरिए आम लोगों तक यह संदेश पहुंचाना चाहती है कि एसआईआर से असली मतदाताओं को कोई नुकसान नहीं होगा।

कोटा से जोधपुर तक: अभियान का अब तक का सफर

भाजपा ने इस अभियान को दो चरणों में बांटा है। पहला चरण 30 अक्टूबर से 5 नवंबर तक 15 जिलों में चलेगा। दीपावली के बाद दूसरे चरण में बाकी जिलों को कवर किया जाएगा।

कार्यक्रम तारीख खास बात
कोटा से अभियान की शुरुआत 30 अक्टूबर मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा और प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ शामिल हुए, सेवन वंडर पार्क से पदयात्रा निकली
अलवर में पदयात्रा 31 अक्टूबर केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया शामिल हुए
जोधपुर में जनसभा और पदयात्रा 3 नवंबर मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की मौजूदगी, गांधी मैदान से जालोरी गेट तक रूट
जयपुर में पदयात्रा 5 नवंबर केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव शामिल होंगे, रामलीला मैदान में सभा के बाद परकोटे में त्रिपोलिया गेट तक यात्रा

कोटा में शुरुआत के समय मुख्यमंत्री ने कांग्रेस पर तीखा हमला बोला था। उन्होंने कहा था कि 1975 में आपातकाल लगाकर कांग्रेस ने लोकतांत्रिक अधिकारों का गला घोंटा था, और आज वही दल लोकतंत्र की दुहाई दे रहा है। सभा के बाद मुख्यमंत्री ने सेवन वंडर के पास से नाग नागिन मंदिर तक पैदल मार्च भी किया था, जिसके बाद मंत्री मदन दिलावर और हीरालाल नागर ने यात्रा को आगे संभाला।

जोधपुर में इस आयोजन का सियासी मतलब

जोधपुर भाजपा पदयात्रा का सियासी मतलब सिर्फ एक दिन के कार्यक्रम तक सीमित नहीं है। प्रदेश में इस समय पंचायत चुनाव का दौर चल रहा है, और ऐसे में मुख्यमंत्री का किसी बड़े शहर में जनसभा और पदयात्रा करना कार्यकर्ताओं में जोश भरने का काम करता है। जोधपुर संभाग का सबसे बड़ा शहर है और पश्चिमी राजस्थान की राजनीति में इसकी अपनी अहमियत है। यह अभियान भाजपा की उस रणनीति का भी हिस्सा है, जिसमें पार्टी विपक्ष के आरोपों का जवाब सड़क पर उतरकर देना चाहती है।

आम लोगों के लिए जानने लायक बातें

जोधपुर के लोगों के लिए तीन बातें जानना उपयोगी रहेगा। पहला, कार्यक्रम का केंद्र गांधी मैदान रहेगा, जहां जनसभा होगी। दूसरा, पदयात्रा का रूट गांधी मैदान से गोल बिल्डिंग होते हुए जालोरी गेट तक जाएगा, इसलिए इन इलाकों में दिन के समय भीड़ और आवाजाही बढ़ सकती है। तीसरा, अगर आप इन इलाकों से गुजरने की योजना बना रहे हैं, तो थोड़ा अतिरिक्त समय लेकर चलना समझदारी होगी।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

जोधपुर भाजपा पदयात्रा कब और कहां होगी?

यह पदयात्रा मंगलवार, 3 नवंबर को जोधपुर में होगी। जनसभा गांधी मैदान में आयोजित होगी और पदयात्रा गांधी मैदान से गोल बिल्डिंग होते हुए जालोरी गेट तक जाएगी।

जोधपुर भाजपा पदयात्रा में कौन-कौन शामिल होगा?

मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा जनसभा को संबोधित करेंगे और पदयात्रा में शामिल होंगे। इसके अलावा विधायक अतुल भंसाली, प्रदेश उपाध्यक्ष मुकेश दाधीच, जिलाध्यक्ष राजेंद्र पालीवाल और नेता पवन आसोपा सहित शहर और देहात के कार्यकर्ता शामिल होंगे।

‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ अभियान क्या है?

यह भाजपा का प्रदेशव्यापी अभियान है, जो मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) और ‘वोट चोरी’ के आरोपों पर विपक्ष को जवाब देने के लिए शुरू किया गया है। इसका पहला चरण 30 अक्टूबर से 5 नवंबर तक 15 जिलों में चलेगा।

इस अभियान की शुरुआत कहां से हुई थी?

इस अभियान की शुरुआत 30 अक्टूबर को कोटा से हुई थी, जहां मुख्यमंत्री और प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ शामिल हुए थे। अलवर में 31 अक्टूबर को केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया की पदयात्रा हुई, और 5 नवंबर को जयपुर में केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव की पदयात्रा होगी।

स्रोत: ईटीवी भारत (जोधपुर) की 2 नवंबर 2026 की रिपोर्ट और लोकवार्ता की corroborating रिपोर्ट। अभियान के पहले चरण और अन्य जिलों के कार्यक्रमों की जानकारी प्रदेश भाजपा के घोषित कार्यक्रम पर आधारित है। संबंधित खबरें: पंचायत चुनाव तीसरा चरण: 3-5 नवंबर को मतदान और जयपुर में केंद्रीय मंत्रियों के दौरे और ‘लोकतंत्र बचाओ’ कार्यक्रम का उल्लेख। विस्तृत मूल रिपोर्ट यहां पढ़ें: ईटीवी भारत।

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