20वें संस्करण की दूसरी सूची: नोबेल विजेता से लेकर अक्षता मूर्ति तक
जयपुर लिटरेचर फेस्टिवल 2027 की दूसरी वक्ता सूची आ गई है, और इस बार का ऐलान पिछले सारे अनुमानों से बड़ा है। वेदांता प्रस्तुत जयपुर लिटरेचर फेस्टिवल के ऐतिहासिक 20वें संस्करण के लिए जारी इस सूची में 25 नए नाम जुड़े हैं — जिनमें नोबेल पुरस्कार से सम्मानित वैज्ञानिक सर पॉल नर्स, ब्रिटेन के पूर्व प्रधानमंत्री ऋषि सुनक की पत्नी अक्षता मूर्ति, फिलिस्तीनी लेखिका अदानिया शिब्ली और ब्रिटिश म्यूजियम के पूर्व निदेशक नील मैकग्रेगर जैसे चेहरे शामिल हैं। पांच दिन का यह महोत्सव 14 से 18 जनवरी 2027 तक जयपुर के होटल क्लार्क्स आमेर में होगा।
सबसे ज्यादा चर्चा अक्षता मूर्ति के नाम की हो रही है। इंफोसिस के संस्थापक एन.आर. नारायण मूर्ति और लेखिका सुधा मूर्ति की बेटी अक्षता व्यवसाय, परोपकार और सामाजिक प्रभाव के क्षेत्र में अपने काम के लिए जानी जाती हैं, और जयपुर में वह अपने इन्हीं अनुभवों को श्रोताओं के सामने रखेंगी। दिलचस्प यह है कि सुधा मूर्ति का नाम पहली सूची में पहले ही आ चुका था, इसलिए मां-बेटी दोनों का एक मंच पर होना इस संस्करण की अलग कहानी है। वहीं डॉ. श्रीराम नेने चिकित्सा और स्वास्थ्य जागरूकता पर अपने विचार रखेंगे।
जयपुर लिटरेचर फेस्टिवल 2027 की दूसरी सूची में कौन-कौन है
दूसरी सूची की खासियत उसका फैलाव है — इसमें कथा-कविता के लेखक, साम्राज्यों के इतिहासकार, विज्ञान के नोबेल विजेता, पत्रकार, शेफ और सामाजिक न्याय के लेखक सब हैं। नीचे प्रमुख नाम उनकी विधा के साथ दिए गए हैं।
| वक्ता | क्षेत्र | किसलिए जाने जाते हैं |
|---|---|---|
| सर पॉल नर्स | विज्ञान | नोबेल पुरस्कार विजेता आनुवंशिकीविद् और कोशिका-जीवविज्ञानी |
| अक्षता मूर्ति | व्यवसाय व परोपकार | सामाजिक प्रभाव और व्यवसाय के क्षेत्र में काम |
| अदानिया शिब्ली | कथा साहित्य | उपन्यास ‘माइनर डिटेल’ — नेशनल बुक अवॉर्ड व बुकर के लिए नामांकित |
| नील मैकग्रेगर | कला इतिहास | ब्रिटिश म्यूजियम के पूर्व निदेशक |
| मिशाल हुसैन | पत्रकारिता | प्रशंसित पत्रकार, प्रसारक और लेखिका |
| डॉ. श्रीराम नेने | चिकित्सा | हृदय-शल्य चिकित्सक, स्वास्थ्य जागरूकता के पैरोकार |
| बेंजामिन मोजर | जीवनी | पुलित्जर पुरस्कार से सम्मानित जीवनीकार |
| कैरोलीन एल्किन्स | इतिहास | हार्वर्ड प्रोफेसर, पुलित्जर विजेता इतिहासकार |
| ऐलिस रॉबर्ट्स | मानव विज्ञान | जैविक मानवविज्ञानी, लेखिका और प्रसारक |
| सूरज येंगड़े | सामाजिक न्याय | ‘कास्ट मैटर्स’ के लेखक |
| ऋतु डालमिया | खान-पान | शेफ, ‘डीवा’ रेस्तरां की सह-स्वामिनी |
| विशाखा एन. देसाई | कला इतिहास | एशियाई कला और संग्रहालयों पर काम |
| हंसदा सौवेंद्र शेखर | कथा साहित्य | आदिवासी पहचान पर केंद्रित लेखन |
| मकरंद साठे | रंगमंच | मराठी नाटककार, उपन्यासकार और निर्देशक |
| पॉल ज़कारिया | साहित्य | मलयालम लेखक और निबंधकार |
इनके अलावा अनन्या वाजपेयी, क्लेयर मेसड, एरिक क्लाइन, गैब्रिएल रिफकिंड, मीरा सेओ, मोना अरशी, रॉक्सी नफ़ूसी, स्वेन बेकर्ट, तबिश ख़ैर और थांगजम हिदुस्तानी देवी भी दूसरी सूची में हैं।
इस बार के सत्रों में क्या अलग होगा
20वें संस्करण में भारत के बहुभाषी साहित्य पर खास जोर रहेगा। सह-संस्थापक नमिता गोखले ने कहा है कि देश की प्रमुख भाषाओं के लेखक सत्रों और पाठों में हिस्सा लेंगे और शास्त्रीय साहित्य से जुड़ाव बना रहेगा। यानी हिंदी, मलयालम, मराठी जैसी भाषाओं की आवाज इस बार और साफ सुनाई देगी।
सत्रों के विषय भी जानबूझकर फैलाए गए हैं — पहचान, परिवार, प्रवासन, सामाजिक न्याय और सांस्कृतिक टकराव पर विशेष चर्चा होगी। अदानिया शिब्ली पहचान और संघर्ष के सवाल उठाएंगी, सूरज येंगड़े जाति और नस्ल पर बोलेंगे, तबिश ख़ैर प्रवासन की कहानियां लाएंगे। सर पॉल नर्स की मौजूदगी बताती है कि यह महोत्सव अब विज्ञान से भी संवाद करना चाहता है।
दो दशक का सफर और पहली सूची से क्या बदला
शुरुआत में सह-निदेशक विलियम डैलरिंपल ने भी नहीं सोचा था कि यह फेस्टिवल इतना बड़ा हो जाएगा। आज यह दुनिया के सबसे बड़े साहित्यिक मेलों में गिना जाता है। पहली सूची 9 अक्टूबर को आई थी, जिसमें नोबेल विजेता एस्थर डुफ्लो और ओल्गा टोकार्चुक के नाम थे; दूसरी सूची से नोबेल विजेताओं की मौजूदगी और मजबूत हो गई है।
टीमवर्क आर्ट्स के प्रबंध निदेशक संजॉय के. रॉय ने कहा कि दुनिया को सार्थक संवाद के मंचों की पहले से ज्यादा जरूरत है। दूसरी सूची की बनावट ही इसकी गवाही देती है — इसमें स्थापित नाम भी हैं और ऐसे लेखक भी, जिनकी आवाज मुख्यधारा में कम सुनी गई है।
जयपुर आने वालों के लिए जरूरी जानकारी
अगर आप इसमें शामिल होने की सोच रहे हैं, तो जान लें: फेस्टिवल 14 से 18 जनवरी 2027 तक जयपुर के होटल क्लार्क्स आमेर में होगा। जनवरी में जयपुर का मौसम सुहावना रहता है, पर सुबह-शाम ठंड पड़ती है। पूरा कार्यक्रम जारी होने पर अपनी पसंद के सत्र पहले से चुन लेना समझदारी होगी।
ठहरने की योजना भी पहले से बनाएं, क्योंकि फेस्टिवल के दिनों में शहर में हजारों श्रोता पहुंचते हैं और होटल जल्दी भर जाते हैं। जयपुर लिटरेचर फेस्टिवल 2027 के 20वें संस्करण की तारीखों की खबर पहले भी राज न्यूज़ पर प्रकाशित हो चुकी है, और जयपुर से जुड़ी अन्य खबरों के लिए आप साइट पर खोज सकते हैं। स्रोत के तौर पर इस खबर की पुष्टि खास खबर और अमर उजाला की रिपोर्टों से की गई है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
जयपुर लिटरेचर फेस्टिवल 2027 कब और कहां होगा?
यह 14 से 18 जनवरी 2027 तक जयपुर के होटल क्लार्क्स आमेर में आयोजित होगा। यह फेस्टिवल का ऐतिहासिक 20वां संस्करण है।
दूसरी वक्ता सूची में कितने नाम हैं और सबसे बड़े नाम कौन से हैं?
दूसरी सूची में 25 नाम हैं। इनमें नोबेल विजेता सर पॉल नर्स, अक्षता मूर्ति, अदानिया शिब्ली, नील मैकग्रेगर, मिशाल हुसैन और डॉ. श्रीराम नेने प्रमुख हैं।
पहली सूची कब आई थी और उसमें कौन थे?
पहली सूची 9 अक्टूबर को आई थी, जिसमें अर्थशास्त्र की नोबेल विजेता एस्थर डुफ्लो और साहित्य की नोबेल विजेता ओल्गा टोकार्चुक समेत कई नाम थे।
इस बार के फेस्टिवल की खास बात क्या है?
20वें संस्करण में भारत के बहुभाषी साहित्य पर खास जोर रहेगा, और साहित्य के साथ विज्ञान, इतिहास, भू-राजनीति, खान-पान और सामाजिक न्याय जैसे विषयों पर भी चर्चा होगी।