अगर आपका कोई काम जयपुर विकास प्राधिकरण (जेडीए) में अटका पड़ा है — कोई आवेदन महीनों से फाइल में दबा है या कोई प्रकरण सुनवाई का इंतजार कर रहा है — तो अगले हफ्ते से आपके लिए राहत का रास्ता खुलने वाला है। जेडीए ने घोषणा की है कि 7 अक्टूबर से 16 अक्टूबर तक शहर के सभी जोनों में ‘सेवा सेतु अभियान-2026’ के तहत विशेष शिविर लगाए जाएंगे। इन शिविरों में आम नागरिक अपने प्रकरण लेकर सीधे अधिकारियों से मिल सकेंगे, और कोशिश यही रहेगी कि आवेदन का निस्तारण उसी दिन, मौके पर ही हो जाए।
सबसे बड़ी बात ये है कि इस बार आपको जेडीए के दफ्तर नहीं जाना — व्यवस्था खुद आपके जोन तक पहुंचेगी। शिविर जेडीए परिसर स्थित नागरिक सेवा केन्द्र के साथ-साथ हर जोन कार्यालय में भी लगेंगे।
अब अधिकारी आपके जोन में आएंगे — दफ्तरों के चक्कर खत्म
अक्सर शिकायत रहती है कि सरकारी काम के लिए एक ही फाइल के पीछे कई कार्यालयों के चक्कर लगाने पड़ते हैं — कभी कागज अधूरा बताकर लौटा दिया जाता है, तो कभी संबंधित अधिकारी ही नहीं मिलते। जेडीए के इस अभियान का मकसद ठीक इसी परेशानी को खत्म करना है।
सेवा सेतु अभियान के दौरान संबंधित जोन के अधिकारी और कर्मचारी खुद शिविर में मौजूद रहेंगे। नागरिक अपने जोन की तय तारीख पर नागरिक सेवा केन्द्र या अपने जोन कार्यालय पहुंचकर सीधे अधिकारियों से बात कर सकेंगे।
शिविरों का संचालन भी साफ जिम्मेदारी के साथ तय है — हर जोन के उपायुक्त शिविर प्रभारी और तहसीलदार सह-प्रभारी होंगे, और अलग-अलग व्यवस्थाओं के लिए नोडल अधिकारी नियुक्त किए गए हैं।
एक और अहम बात — शिविरों में मिले आवेदनों के निस्तारण की प्रगति रिपोर्ट संबंधित उपायुक्त को पेश करनी होगी। यानी आपका आवेदन सिर्फ लिया नहीं जाएगा, उसके निपटारे की जवाबदेही भी तय रहेगी।
शिविर में कौन-कौन से काम निपट सकते हैं
जेडीए से जुड़े वे तमाम प्रकरण, जो आम नागरिकों की रोजमर्रा की जिंदगी से जुड़े हैं, इन शिविरों में उठाए जा सकते हैं। आमतौर पर लोग भूखंड और पट्टे, भू-उपयोग बदलाव, भवन निर्माण की स्वीकृति, अतिक्रमण की शिकायतें और अपने इलाके की सड़क-सीवर-रोशनी जैसी समस्याओं को लेकर जेडीए जाते हैं।
अभियान की घोषणा के मुताबिक नागरिक अपने ‘प्रकरण’ लेकर अधिकारियों से सीधे संपर्क कर सकेंगे और प्राप्त आवेदनों का यथासंभव उसी दिन निस्तारण किया जाएगा। अगर आपका कोई पुराना आवेदन जेडीए में लंबित है, तो उसकी स्थिति जानने और उसे आगे बढ़वाने का ये सबसे आसान मौका हो सकता है।
ध्यान रहे — ‘यथासंभव उसी दिन निस्तारण’ उन मामलों पर लागू होगा जो कागजी तौर पर पूरे हैं। जटिल या अधूरे दस्तावेजों वाले मामलों में भी कम से कम ये पता चल जाएगा कि अगला कदम क्या है और किस अधिकारी से संपर्क करना है।
पूरे 10 दिन का शेड्यूल: अपने जोन की तारीख नोट कर लें
अभियान 7 अक्टूबर से शुरू होकर 16 अक्टूबर तक चलेगा। नागरिक सेवा केन्द्र में शिविर रोजाना सुबह 9:30 बजे से शाम 6 बजे तक लगेंगे। हर तारीख को अलग-अलग जोनों के शिविर तय हैं — सूची में अपना जोन खोजें और उसी दिन पहुंचें:
| तारीख | शिविर वाले जोन |
|---|---|
| 7 अक्टूबर | जोन 19, 21, PRN, 14 |
| 8 अक्टूबर | जोन A, 11, 17, 7 |
| 9 अक्टूबर | जोन B, 12, 22, 8 |
| 10 अक्टूबर | जोन C, 13, 16, 9 |
| 12 अक्टूबर | PRN, 14, 23, 24 |
| 13 अक्टूबर | जोन 7, 15, 25, 11 |
| 14 अक्टूबर | जोन 8, 18, B, 12 |
| 15 अक्टूबर | जोन 9, 19, 21, 14 |
| 16 अक्टूबर | जोन 10, 20, 22, PRN |
एक बात का खास ध्यान रखें — 11 अक्टूबर रविवार है, और जोन कार्यालयों के शिविर उस दिन नहीं लगेंगे। इसलिए अपने जोन की तारीख पर ही जाएं, ताकि बेवजह का चक्कर न लगे।
जेडीए की अपील है कि नागरिक अपने जोन की निर्धारित तिथि पर ही नागरिक सेवा केन्द्र या संबंधित जोन कार्यालय पहुंचें। उस दिन उसी जोन के अधिकारी और रिकॉर्ड दोनों शिविर में मौजूद रहेंगे।
शिविर में जाने से पहले ये तैयारी कर लें
मौके पर निस्तारण का फायदा तभी मिलेगा, जब आपके कागज पूरे हों। शिविर में जाने से पहले इन बातों का ध्यान रखें:
- पुराने आवेदन की प्रति साथ रखें — लंबित प्रकरण की रसीद, आवेदन संख्या या पुरानी प्रति जरूर ले जाएं।
- पहचान और पते का प्रमाण — आधार कार्ड जैसे पहचान पत्र की प्रति काम आ सकती है।
- प्रकरण से जुड़े दस्तावेज — भूखंड, पट्टा या निर्माण से जुड़े कागजात की फोटोकॉपी का एक सेट अलग से रख लें।
- समस्या लिखित में नोट करके जाएं — अपनी बात साफ रखने के लिए समस्या और अब तक की कार्रवाई संक्षेप में लिख लें।
- समय से पहुंचें — शिविर सुबह 9:30 बजे शुरू होंगे; जल्दी पहुंचने पर बारी भी जल्दी आएगी।
क्यों शुरू हो रहा है ये अभियान: पृष्ठभूमि
जयपुर विकास प्राधिकरण शहर के नियोजित विकास की सबसे बड़ी एजेंसी है — सड़कें, ड्रेनेज, सार्वजनिक स्थल और शहरी आधारभूत ढांचा, इन सबकी जिम्मेदारी इसी के पास है। इतने बड़े दायरे में रोजाना हजारों नागरिकों के प्रकरण आते हैं, और शिकायतों का अंबार लगना कोई नई बात नहीं है।
जेडीए आयुक्त सिद्धार्थ महाजन के मुताबिक सेवा सेतु अभियान की शुरुआत नागरिकों की सुविधा के लिए की जा रही है। हाल के महीनों में जेडीए ने सड़कों, फुटपाथों, ड्रेनेज और सार्वजनिक सुविधाओं पर करोड़ों की स्वीकृतियां दी हैं — उसी कड़ी में अब प्रशासनिक सेवाओं को भी नागरिकों के दरवाजे तक पहुंचाने की कोशिश हो रही है।
दरअसल, ये ‘सरकार आपके द्वार’ जैसी सोच का ही एक रूप है — फर्क सिर्फ इतना है कि यहां फोकस पूरी तरह जेडीए से जुड़े कामों पर है। जोनवार शिविरों का फॉर्मेट इसलिए चुना गया है ताकि हर इलाके के लोगों को अपने क्षेत्र के अधिकारियों से सीधे बात करने का मौका मिले।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
सवाल: सेवा सेतु अभियान-2026 कब तक चलेगा?
जवाब: 7 अक्टूबर से 16 अक्टूबर 2026 तक — इस दौरान जोनवार शिविर लगाए जाएंगे।
सवाल: शिविर कहां और किस समय लगेंगे?
जवाब: जेडीए परिसर स्थित नागरिक सेवा केन्द्र में शिविर सुबह 9:30 बजे से शाम 6 बजे तक चलेंगे। इसके अलावा रविवार को छोड़कर हर दिन संबंधित जोन कार्यालयों में भी शिविर लगेंगे।
सवाल: क्या मेरा आवेदन उसी दिन निपट जाएगा?
जवाब: जेडीए के मुताबिक प्राप्त आवेदनों का यथासंभव उसी दिन निस्तारण किया जाएगा। जिन मामलों में मौके पर फैसला संभव नहीं होगा, उनके निस्तारण की प्रगति रिपोर्ट उपायुक्त को पेश करनी होगी, यानी जवाबदेही तय रहेगी।
सवाल: मुझे किस तारीख को जाना चाहिए?
जवाब: अपने जोन की तय तारीख पर ही जाएं — शेड्यूल ऊपर तालिका में दिया गया है। उस दिन उसी जोन के अधिकारी और रिकॉर्ड दोनों शिविर में मौजूद रहेंगे, इसलिए काम तेजी से होगा।